Priyanka Pandit Instagram – प्रथम हृदै श्रद्धा श्रद्धा जो करै ,
आचारजनि* जाइ अनुसरै ।
जहाँ – जहाँ हरिवंश के ॥
रसिकनि की सेवा जब होइ ,
प्रीति सहित बूझहु सब कोइ ।
कौन धर्म हरिवंश कौ ॥
कौन सु रीति कौन आचरन ,
कौन सुकृत जिहिं पावै शरन ।
क्यौं हरिवंश कृपा करें ॥
तब सब धर्म कह्यौ समुझाइ ,
संतत सकल सुनहु चित लाइ ।
श्री हरिवंश प्रताप जस ॥
भावार्थ – ( यदि प्रभु कृपा से किसी के ) हृदय में ( इस धर्म के प्रति ) श्रद्धा का प्राथमिक उदय हो , तो वह जाकर श्रीआचार्य चरणों का अनुसरण करे । कौन से आचार्य ? श्रीहरिवंशचन्द्र के ( धर्मधारक एवं गोत्रज ) ; कहाँ पावे उन्हें ? जहाँ कहीं भी मिलें वे ; उन्हीं की शरण ले । जब उन आचार्यों – रसिकों की सेवा से उन्हें पूर्ण प्रसन्न करले तब उनसे प्रीति – पूर्वक पूछे कि श्रीहरिवंश का धर्म क्या है ? उस धर्म की रीतियाँ हैं क्या ? उनका आचरण कैसे किया जाय ? वह कौन – सा सत्कार्य है जिससे श्रीहरिवंश की चरण – शरण मिलती है ? और हम पर श्रीहरिवंश कैसे कृपा करेंगे ?
श्रद्धालु के इतना पूछने पर वे कृपालु रसिक आचार्य गण धर्म का पूर्ण स्वरूप समझा कर कहेंगे , उसे आप सब लोग भी चित्त लगाकर श्रवण कीजिये वह श्रीहरिवंश का प्रताप – यश ही तो है । श्रीहित नाम प्रताप
( तृतीय प्रकरण ) पद – 1 | Posted on 05/Jun/2024 10:53:28



